झारखंड समाचार : झारखंड त्रिकूट रोपवे हादसा होने के पीछे क्या कारण रहे और इस हादसे में किसकी गलती थी हादसे के पीछे की मुख्य वजह जाने

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी व गृह मंत्री श्री अमित शाह ने बचाव कार्य में लगी टीमों के सभी सदस्यों से इस पूरे घटना की जानकारी ली वह बचाव कार्यों में आई परेशानियों के बारे में उनसे चर्चा की व उनके अनुभवों को सुना ताकि ऐसे बचाव कार्यों में आने वाली कठिनाइयों व परेशानियों को दुरुस्त किया जा सके

झारखंड के देवघर में हुए त्रिकूट की पहाड़ियों में रोपवे हादसे मैं 48 लोग फंस गए और इसमें तीन लोगों की जान भी चली गई यह हादसा रूप में की मेन तार टूट जाने के कारण हुआ वहां मौजूद लोगों मैं बताया आंखों देखा हाल उनके अनुसार करीब 4:30 बजे रोपवे में जैसे ही पर्यटक बैठी तू रोपवे डाउन स्टेशन से शुरू हुआ और पहाड़ की चोटी पर स्थित रोपवे की यूपीपी स्टेशन का रोलर अचानक से टूट गया

उसके बाद रोकने की तकरीर दो दर्जन से ज्यादा केबल कार एक झटके में ही करीब 7 फीट नीचे की ओर लटकने लगी वही सबसे ऊपर की केबल कार 40 फीट नीचे खाई में जा गिरी जिससे 5 लोग उसमें फंस गए स्थानीय लोगों और लोक में के कर्मचारियों ने बड़ी मशक्कत के बाद केबल कार में फंसे उन 5 पर्यटकों को उनमें से निकाला आपको बता दें कि झारखंड के देवघर जिले की त्रिकुटा पहाड़ियों में बना रोपवे ऊपर की ओर जाते समय तार टूट जाने से हादसे का शिकार हो गया था

जिसमें करीब 48 लोग इस में फंस गए थे जोकि काफी समय तक हवा में ही घटती केबल कार में फंसे रहे इसमें सबसे मजेदार यह बात थी कि 800 मीटर की ऊंचाई पर बनाइए रोपवे 90 डिग्री की ऊंचाई पर जाता है सतना से टॉप पर बने रोपवे स्टेशन तक पहुंचने में 8 मिनट का समय लगता है जोकि बीच में ही तार टूटने से दुर्घटनाग्रस्त हो गया उसके बाद तुरंत प्रशासन को इसकी सूचना दी गई और मौके पर एनडीआरएफ की टीमें पहुंच गई व बचाव कार्य शुरू कर दिया फिर हेलीकॉप्टर की मदद से भी रोपवे की ट्रॉली में फंसे लोगों को बाहर निकालने की कोशिश की गई दो तीन बार लगातार प्रयास करने के बाद भी किसी को बाहर नहीं निकाला जा सका


लेकिन उसके बाद थल सेना वायु सेना एनडीआरएफ और अन्य टीमों ने सूक्त अभियान चलाकर रोपवे की ट्रॉली में फंसे तमाम लोगों को कड़ी मशक्कत के बाद आखिर बचा लिया गया लेकिन 3 लोग इतने भाग्यशाली नहीं रहे उनकी इस हादसे में मौत हो गई इस बचाव अभियान के पूरा होने के बाद प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी व गृह मंत्री श्री अमित शाह ने बचाव कार्य में लगी टीमों के सभी सदस्यों से इस पूरे घटना की जानकारी ली वह बचाव कार्यों में आई परेशानियों के बारे में उनसे चर्चा की व उनके अनुभवों को सुना ताकि ऐसे बचाव कार्यों में आने वाली कठिनाइयों व परेशानियों को दुरुस्त किया जा सके


इसके बाद प्रधानमंत्री व गृहमंत्री ने सबका धन्यवाद भी किया और उन्हें कहा कि पूरा देश आप पर गर्व कर रहा है आपने 24 घंटे काम करके वह अपनी जान की परवाह ना करते हुए लोगों की जान बचाई है हम आपका शुक्रिया अदा करते हैं








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