श्रीगंगानगर पठानवाला अपना घर आश्रम में अपनों से अपनों का मिलन

श्रीगंगानगर: अपना घर आश्रम बेसहारा लोगों के लिए अपने घर से बढक़र साबित हो रहा है। इसी कड़ी में अपना घर आश्रम पठानवाला श्रीगंगानगर द्वारा एक असहाय प्रभुजी को परिजनों से मिलाया गया है। सचिव जगीरचंद फरमा ने बताया कि 2 मार्च, 2023 को राकेश बिश्नोई की सूचना से रेलवे स्टेशन श्रीगंगानगर से लावारिस हालात एक व्यक्ति आशीष को अपना घर आश्रम पठानवाला में लाकर प्रवेशांक 623 द्वारा सेवा व उपचार हेतु भर्ती किया गया। 



ad



सेवा-सुश्रुषा व ईलाज के दौरान प्रभुजी आशीष से पूछताछ करने पर उन्होंने अपने पिता का नाम राधेश्याम व माता का नाम श्रीमती कैलाश रानी बताया तथा कहा कि उसने मानव मंगल मॉडल स्कूल, चंडीगढ़ से पढ़ाई की है। इंटरनेट पर सर्च करके जानकारी हासिल की गई तथा मानव मंगल मॉडल स्कूल के अध्यापक अनिलजी से जानकारी मांगी गई। इस पर उन्होंने सहायता करते हुए पुराने प्रमाण-पत्र भेजे, जिससे पता चला कि प्रभुजी आशीष के पिताजी डीपीआर विभ्ज्ञाग में कर्मचारी हैं। 


इसके साथ-साथ अनिलजी ने डीपीआर विभाग में जाकर प्रभुजी के पिता राधेश्याम के मोबाईल नम्बर हासिल किए तथा सारी बात बताई। इस पर उनके पिता द्वारा अपना घर आश्रम पठानवाला, श्रीगंगानगर में फोन किया गया, जिस पर उन्हें बताया गया कि आपका पुत्र अपना घर आश्रम श्रीगंगानगर में सकुशल है। अपने पुत्र की सूचना पाकर प्रभुजी की माता श्रीमती कैलाश रानी अपना घर आश्रम पहुंची तथा अपने बेटे को कुशलपूर्वक देखकर उनकी आँखों में खुशी के आँसू आ गए। समस्त औपचारिकताओं को पूर्ण कर श्रीमती कैलाश रानी अपने बेटे आशीष को अपने साथ निवास मदनपुर, सेक्टर नंबर 26, पंचकुला, हरियाणा ले गई तथा जाते हुए अपना घर आश्रम की सेवा गतिविधियों की सराहना करते हुए, तहेदिल से आभार व्यक्त किया।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ