चुनाव आयोग रणनीति बनाकर चुनाव में धनबल के प्रयोग को रोकने में जुटा चुनावी राज्यों में हुई एक हजार करोड़ से ज्यादा की जब्ती इस बार की बरामदगी तीन गुना से ज्यादा है।
विधानसभा चुनाव वाले पांच राज्यों में चुनाव आयोग की
सख्ती के बाद एक हजार करोड़ रुपये से ज्यादा की नकदी ड्रग शराब और अन्य वस्तुओं की
बरामदगी हुई है। साल 2017 के चुनावों की तुलना में इस बार की बरामदगी तीन गुना से
ज्यादा है।
नई दिल्ली- चुनाव आयोग की
सख्ती से विधानसभा चुनाव वाले पांच राज्यों में एक हजार करोड़ रुपये से ज्यादा की
नकदी,
ड्रग, शराब और अन्य
वस्तुओं की बरामदगी हुई है। साल 2017 के चुनावों की तुलना में इस बार की बरामदगी
तीन गुना से ज्यादा है। चुनाव आयोग के मुताबिक पंजाब, उत्तर प्रदेश, मणिपुर, उत्तराखंड और
गोवा में इस बार 1,018
करोड़ रुपये की
कुल जब्ती हुई है। 2017
में 299.84 करोड़ रुपये की
जब्ती हुई थी।
पंजाब इस काम में सबसे
आगे रहा
पंजाब : 510.91 करोड़ रुपये
उत्तरप्रदेश : 307.92 करोड़ रुपये
मणिपुर : 167.83 करोड़ रुपये
उत्तराखंड : 18.81 करोड़ रुपये
गोवा : 12.73 करोड़ रुपये
इन तरीकों का भी किया
गया इस्तेमाल
ड्रग्स : 569.52 करोड़ रुपये
बहुमूल्य धातु : 115.05 करोड़ रुपये
नकद : 140.29 करोड़ रुपये
शराब : 99.84 करोड़ रुपये
अन्य सामग्री : 93.5 करोड़ रुपये
सख्त रुख अपनाया है:
आयोग ने बताया कि धनबल से चुनावों को प्रभावित करने वालों पर सख्त निगरानी की
जा रही है। इसके लिए चौतरफा रणनीति पर काम किया गया है। इसमें अनुभवी अधिकारियों
की नियुक्ति के साथ-साथ प्रवर्तन एजेंसियों के बीच बेहतर तालमेल को बढ़ावा देने
जैसे कदम शामिल हैं।
खर्चों पर रखी जा रही हे कड़ी नजर
आयोग ने बताया कि इस तरह के प्रयासों पर रोक के लिए 228 एक्पेंडिचर आब्जर्वर
तैनात किए गए हैं,जो खर्चों पर नजर रख रहे हैं।
बेहतर निगरानी के लिए इस मामले में विशेषज्ञता रखने
वाले स्पेशल एक्पेंडिचरआब्जर्वर भी जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। विधानसभा चुनाव सात चरणों में हो रहे हैं। पहले
चरण में 10 फरवरी को मतदान हुआ था। 7 मार्च को आखिरी चरण का मतदान होगा और 10 मार्च को सभी राज्यों के
चुनाव परिणाम आएंगे।
0 टिप्पणियाँ